चार दशक से निशुल्क शिक्षा देने वाले 62 साल के शिक्षक बलराम दास सभी को शिक्षित करने के अपने मिशन पर अकेले ही बढ़े जा रहें हैं.
दास पिछले 40 साल से ओडिशा के केंद्रपाड़ा जिला में गोविंदपुर गांव के बच्चों को निशुल्क शिक्षा देने का काम कर रहे हैं. हालांकि गोविंदपुर के सरकारी उच्च प्राथमिक विद्यालय के शिक्षकों के पैनल में उनका नाम तक नहीं शामिल किया गया है. विद्यालय के प्राचार्य अशोक कुमार साहू ने बताया, वह एक श्रेष्ठ शिक्षक हैं और उनका पढ़ाने का तरीका सबसे अलग है. गांव में उनकी बहुत इज्जत की जाती है.
उन्होंने बताया कि आधिकारिेक तौर पर कोई भी बाहरी व्यक्ति सरकारी विद्यालय में पढ़ा नहीं सकता, लेकिन पढ़ाने के प्रति दास की प्रतिबद्धता को देखते हुए उनके लिए यह विशेष प्रावधान रखा गया है. शिक्षा के इस अभियान में लगे दास का कहना है कि अशिक्षा सभी तरह की बुराइयों की जड़ है और इसे दूर करना हीं उनका लक्ष्य है. वह अपनी जीविका के खेतीबाड़ी करते हैं.